गोचर क्या दिखाता है
जन्म कुंडली स्थिर है, पर ग्रह लगातार चलते हैं। आज के ग्रह आपकी चंद्र राशि से किस भाव में हैं, इससे पारंपरिक रूप से उस समय के विषय पढ़े जाते हैं।
धीमे ग्रहों का महत्व
शनि लगभग ढाई वर्ष, गुरु लगभग एक वर्ष और राहु-केतु लगभग डेढ़ वर्ष एक राशि में रहते हैं। इसलिए इनके गोचर लंबे समय के विषय माने जाते हैं।
दशा के साथ पढ़ें
परंपरा में गोचर का प्रभाव तब अधिक माना जाता है जब वह चल रही दशा से मेल खाता हो। केवल गोचर देखकर निष्कर्ष न निकालें।
कैसे उपयोग करें
- अपना जन्म विवरण भरें या पहले से सहेजा विवरण उपयोग करें।
- आज के ग्रहों की राशि और नक्षत्र देखें।
- चंद्र राशि और लग्न से गोचर भाव पढ़ें।
गणना की विधि: ग्रहों की स्थिति ओपन-सोर्स astronomy-engine लाइब्रेरी से निकाली जाती है और लाहिरी (चित्रपक्ष) अयनांश से निरयन राशिचक्र में बदली जाती है। जन्म स्थान से उस दिन का समय क्षेत्र और डेलाइट सेविंग देखकर समय को सार्वभौमिक समय में बदला जाता है, इसलिए विदेश में जन्मे लोग भी स्थानीय समय सीधे डाल सकते हैं। भाव लग्न से पूर्ण-राशि पद्धति में हैं और राहु-केतु मध्यम पात हैं। परिणाम आत्म-चिंतन और सीखने के लिए हैं; ये चिकित्सा, कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
गोचर कितनी बार बदलता है?
चंद्रमा लगभग ढाई दिन में राशि बदलता है, सूर्य लगभग एक महीने में, जबकि शनि लगभग ढाई वर्ष में।
वक्री ग्रह का क्या अर्थ है?
पृथ्वी से देखने पर कुछ ग्रह उलटी दिशा में चलते दिखते हैं। परंपरा में वक्री ग्रह के विषयों को दोबारा देखने का समय माना जाता है।
क्या यह सूची रोज़ बदलती है?
हाँ, पृष्ठ खोलते समय ग्रहों की स्थिति की नए सिरे से गणना होती है।
पूरी कुंडली विस्तार से देखनी है?
नवांश, दशा, योग और अष्टकवर्ग एक ही स्क्रीन पर देखने के लिए कुंडली पेज खोलें।